डोलरिया क्षेत्र में बच्चों की सुरक्षा और ग्रामीणों की सुविधा को बताया बड़ा मुद्दा, 66 वर्ष पुराने स्कूल भवन की हालत पर चिंता
नर्मदापुरम जिले के डोलरिया क्षेत्र में जर्जर स्कूल भवन और पुल निर्माण की मांग को लेकर भाजपा जिला उपाध्यक्ष राजेश गौर ने प्रशासन का ध्यान आकर्षित किया है। उन्होंने बताया कि ग्राम मिलौर स्थित शासकीय प्राथमिक विद्यालय का भवन लगभग 66 वर्ष पुराना हो चुका है और उसकी स्थिति अत्यंत जर्जर है। सुरक्षा कारणों के चलते पुराने भवन को डिस्मेंटल भी किया जा चुका है, लेकिन अब तक नए भवन का निर्माण शुरू नहीं हो पाया है।
राजेश गौर ने कहा कि शासन स्तर पर भवन के लिए बजट स्वीकृत होने के बावजूद निर्माण कार्य प्रारंभ नहीं होने से विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। बच्चों को अस्थायी व्यवस्था में शिक्षा ग्रहण करनी पड़ रही है, जिससे अभिभावकों में भी चिंता का माहौल है।
बच्चों को बेहतर और सुरक्षित वातावरण देने की मांग
उन्होंने प्रशासन से मांग की कि नए विद्यालय भवन का निर्माण शीघ्र शुरू कराया जाए, ताकि बच्चों को सुरक्षित और बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके। गौर ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को भी शहरों की तरह मूलभूत सुविधाएं मिलना जरूरी है।
मिसरोद-टेमला नदी पर पुल निर्माण की उठाई मांग
राजेश गौर ने क्षेत्र की दूसरी बड़ी समस्या बताते हुए कहा कि मिसरोद – टेमला नदी पर केवल रपटा बना हुआ है, जो बारिश के दिनों में पानी बढ़ने के कारण बंद हो जाता है। इससे ग्रामीणों का संपर्क टूट जाता है और लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने बताया कि पुल नहीं होने के कारण लगभग 15 से 20 गांव प्रभावित होते हैं। बरसात के समय ग्रामीणों को आवागमन, स्वास्थ्य सेवाओं और बच्चों की पढ़ाई के लिए दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।
ग्रामीणों की समस्या का स्थायी समाधान जरूरी
भाजपा नेता राजेश गौर ने प्रशासन से मांग की कि नदी पर स्थायी पुल निर्माण की स्वीकृति देकर जल्द कार्य शुरू कराया जाए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों की समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर होना चाहिए, ताकि लोगों को मूलभूत सुविधाओं के लिए संघर्ष न करना पड़े।
