सिवनी मालवा। शासकीय कन्या महाविद्यालय सिवनी मालवा में भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित 15 दिवसीय कार्यक्रम श्रृंखला का भव्य समापन समारोह उत्साह और गरिमा के साथ सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम का उद्देश्य आदिवासी नायक धरती आबा बिरसा मुंडा के संघर्ष, त्याग, सामाजिक न्याय, अस्मिता एवं स्वतंत्रता संग्राम में उनके अतुलनीय योगदान को जन-जन तक पहुँचाना था।
समापन कार्यक्रम की अध्यक्षता श्री रजनीश जाटव ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में श्री हरिदास दायमा, विकासखंड समन्वयक, जन अभियान परिषद सिवनी मालवा उपस्थित रहे। उन्होंने मां सरस्वती एवं भगवान बिरसा मुंडा के चित्र पर माल्यार्पण कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
पिछले 15 दिनों में महाविद्यालय में आदिवासी कला एवं संस्कृति पर प्रदर्शनी, लोकनृत्य एवं गीत प्रस्तुति, पोस्टर, निबंध एवं भाषण प्रतियोगिताएँ, वीरता गीत, तथा जनजागरूकता रैली जैसी विविध गतिविधियों का आयोजन किया गया। समापन अवसर पर छात्राओं को बिरसा मुंडा के जीवन, विचारों एवं उनके संघर्ष पर विस्तृत व्याख्यान भी दिया गया।
मुख्य अतिथि श्री हरिदास दायमा ने अपने संबोधन में कहा कि “बिरसा मुंडा केवल एक जननायक नहीं, बल्कि सामाजिक न्याय, स्वाभिमान और स्वतंत्रता के सशक्त प्रतीक हैं। उनके संघर्ष ने आदिवासी समाज को नई चेतना और पहचान प्रदान की।” कार्यक्रम में विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेता छात्राओं को प्रमाणपत्र एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए।
समापन के अवसर पर कॉलेज परिसर में ‘जल-वन-भूमि संरक्षण’ तथा ‘आदिवासी गौरव’ विषय पर सामूहिक संकल्प भी लिया गया।
इन सभी कार्यक्रमों की प्रभारी डॉ. सीमा तोमर रहीं। कार्यक्रमों में राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) की कार्यक्रम अधिकारी कु. आकांक्षा पांडे एवं एनएसएस इकाई का विशेष सहयोग रहा। प्राचार्य महोदय ने सभी छात्राओं, संकाय सदस्यों एवं आयोजन समिति को सफल आयोजन के लिए बधाई दी।
कार्यक्रम का संचालन डॉ. राकेश कुमार निरापुरे ने किया तथा डॉ. पदम शर्मा ने आभार व्यक्त किया। समारोह में महाविद्यालय का समस्त स्टाफ एवं छात्राएं उपस्थित रहीं।
